बिलासपुर शहर में जुआ गतिविधियों पर नियंत्रण पाने के लिए चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत थाना सिटी कोतवाली पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की। पुलिस की विशेष टीम ने दयालबंद पुलिया के नीचे जुआ खेल रहे आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ा। यह घटना 26 सितंबर, 2024 को रात लगभग 2:30 बजे की है, जब पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई की।
मुखबिर से मिली जानकारी के आधार पर थाना सिटी कोतवाली पुलिस ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) श्री अमरेश कश्यप और डीएसपी अक्षय सबात्रा के मार्गदर्शन में एक टीम गठित की। यह टीम पुलिस अधीक्षक राजनेश सिंह के निर्देश पर जुआ गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए सक्रिय थी। पुलिस और ACCU की संयुक्त टीम ने जुआरियों के खिलाफ यह कार्रवाई की।
जुआ खेलने वाले लोग 52 पत्तों के ताश के खेल में रूपयों की हार-जीत का दांव लगा रहे थे। जब पुलिस ने उन्हें घेराबंदी कर पकड़ा, तो कई जुआरी भागने का प्रयास कर रहे थे। अंधेरे का फायदा उठाकर भागने का प्रयास करने वाले इन आरोपियों को पुलिस ने हिरासत में लिया और मौके पर ही नगद राशि 1,02,150 रुपये और 52 ताश की पत्तियां जब्त कीं।
गिरफ्तार आरोपी:
- 1. आयुष अग्रवाल, उम्र 29 साल, निवासी विनोबा नगर
- 2. अमर पंजवानी, उम्र 34 साल, निवासी लिंक रोड शिवमंगल अपार्टमेंट
- 3. मुकेश कुमार गुप्ता, उम्र 48 साल, निवासी विद्यानगर
- 4. जय साधवानी, उम्र 20 साल, निवासी चंकरमाठा
- 5. घनश्याम उर्फ बबलू मानूजा, उम्र 19 साल, निवासी तोखरा
- 6. राम त्रिपलानी, उम्र 18 साल, निवासी तोरवा
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि जुआ का संचालन लल्ला सोनकर और कैलास सोनकर द्वारा किया जा रहा था, जो “काट पत्ती” नामक जुए का खेल चलाते थे। इन जुआरियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम की धारा 3(2) और धारा 49 के तहत कार्यवाही की गई। इसके बाद सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया।
बिलासपुर पुलिस के ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत यह कार्रवाई एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे शहर में जुआ गतिविधियों पर लगाम लगाई जा सके। पुलिस अधीक्षक राजनेश सिंह के निर्देशन में की जा रही यह मुहिम शहर के अन्य क्षेत्रों में भी जारी रहेगी। पुलिस ने शहरवासियों से भी अपील की है कि वे ऐसे गैरकानूनी गतिविधियों की सूचना पुलिस को दें ताकि अपराधियों पर सख्त कार्रवाई की जा सके।


