Monday, March 16, 2026
Homeराजनीतिएग्जिट पोल: राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के बारे में क्या...

एग्जिट पोल: राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा के बारे में क्या कहते हैं एग्जिट पोल?…

Exit polls on Bharat Jodo Yatra: कांग्रेस ने हर मौकों पर ये स्पष्ट किया है कि भारत जोड़ो यात्रा का चुनावी राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है। लेकिन इसमें कोई दोराय नहीं है कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कन्याकुमारी से कश्मीर तक चलने वाली भारत जोड़ो यात्रा को लेकर कांग्रेस बड़े पैमाने पर जन-संपर्क की उम्मीद कर रही है। कांग्रेस को भारत जोड़ो यात्रा से ये उम्मीद है कि इससे चुनावों में फिर से वापसी करने में मदद मिलेगी।

अब ऐसे में दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) चुनावों में क्या होता है, यह 7 दिसंबर को पता चलेगा और गुजरात और हिमाचल प्रदेश राज्य के चुनाव परिणाम एक दिन बाद घोषित किए जाएंगे? तो क्या इन चुनावों में भारत जोड़ो यात्रा से कांग्रेस को कोई फायदा हुआ, इसी विषय पर इंडिया टुडे-एक्सिस माई इंडिया ने एग्जिट पोल जारी किया है।

दिल्ली MCD चुनावों पर भारत जोड़ो यात्रा का असर?

इंडिया टुडे-एक्सिस माई इंडिया ने अपने एग्जिट पोल में बताया है कि कांग्रेस को भारत जोड़ो यात्रा को कोई तत्काल लाभ होता नहीं दिखाई दे रहा है। दिल्ली एमसीडी चुनाव की बात करें तो ये वापसी के लिए कांग्रेस के पास एक अच्छा मौक था। लेकिन एग्जिट पोल के मुताबिक कांग्रेस स्थिति से लाभ उठाने में विफल रही है। आप को दिल्ली के 250 में से 149 से 171 वार्ड जीतने की संभावना है, जबकि भाजपा 69 से 91 वार्ड जीत सकती है। कांग्रेस के तीन से सात वार्ड जीतने की संभावना है।

गुजरात चुनावों पर भारत जोड़ो यात्रा का असर?

गुजरात में भी कांग्रेस के लिए मौका था। बीजेपी ने राज्य में 27 साल तक शासन किया है। अपनी योजना को बदलते हुए राहुल गांधी अपनी भारत जोड़ो यात्रा को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गृह राज्य में ले गए और रैलियां कीं। लेकिन एग्जिट पोल के मुताबिक, गुजरात में सबसे पुरानी पार्टी भाजपा और बढ़ सकती है। आंकड़े बताते हैं कि बीजेपी 129 से 151 सीटों के साथ भारी जीत दर्ज करेगी।

डिया टुडे-एक्सिस माई इंडिया के एग्जिट पोल ने भविष्यवाणी की है कि बीजेपी गुजरात में 46 फीसदी वोट शेयर हासिल कर सकती है, उसके बाद कांग्रेस 26 फीसदी और आप 20 फीसदी वोट शेयर हासिल करेगी।

हिमाचल प्रदेश चुनावों पर भारत जोड़ो यात्रा का असर?

हिमाचल प्रदेश में सत्ताधारी दल अक्सर चुनाव हारते रहे हैं। लेकिन इस बार, एग्जिट पोल के मुताबिक, लड़ाई कांटे की टक्कर की हो सकती है, कांग्रेस को यहां मामूली बढ़त होते दिख रही है। अगर कांग्रेस हिमाचल को भाजपा से छीनने में विफल रहती है, तो केवल राहुल गांधी और पार्टी के नए अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को आलोचनाओं का सामना नहीं करना पड़ेगा। पार्टी की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी-वाड्रा ने भी पहाड़ी राज्य में व्यापक प्रचार किया है।

spot_img

advertisement

spot_img
RELATED ARTICLES

Recent posts

error: Content is protected !!
Latest
Verified by MonsterInsights