Monday, April 6, 2026
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बिलासपुर: अब रेत खदानों के संचालन का अधिकार पंचायतों को मिला, सरकार ने जारी किया अधिसूचना

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ शासन द्वारा जारी अधिसूचना दिनांक 19 जनवरी 2023 द्वारा अनुसूचित क्षेत्र अंतर्गत आने वाली रेत खदानों के संचालन का अधिकार पंचायतों को दिया गया है। इस हेतु संबंधित ग्राम पंचायत द्वारा रेत खदान संचालन हेतु नक्शा, खसरा सहित आवेदन प्रारूप में एक हजार रु के आवेदन शुल्क (गैर वापसी योग्य) के साथ कार्यालय कलेक्टर (खनिज शाखा) बिलासपुर में प्रस्तुत किया जाना होगा। अनुसूचित क्षेत्रों में साधारण रेत का क्षेत्र घोषित करने के लिए ग्राम सभा का पूर्व अनुमोदन प्राप्त किया जाना अनिर्वाय किया गया है।

खनिज अधिकारी दिनेश मिश्रा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि आवेदन प्राप्त होने पर जिला स्तरीय समिति की राय अनुसार रेत खनन क्षेत्र का चिन्हांकन (अक्षांश एवं देशांश सहित) कर समस्त निरीक्षण प्रतिवेदन लिये जाने के पश्चात कलेक्टर द्वारा घोषित किया जावेगा तथा उसे विशिष्ट नाम दिया जायेगा।

खदान घोषित किये जाने के 15 दिवस के भीतर संबंधित पंचायतों को 25 हजार रु प्रति हेक्टेर या उसके किसी भाग के लिये कार्यपालन प्रतिभूति राशि चालान के माध्यम से प्रस्तुत करना होगा तृत पश्चात कलेक्टर द्वारा आशय पत्र जारी किया जावेगा। संबंधित पंचायत को 1 वर्ष के भीतर अनुमोदित उत्खनन योजना एवं पर्यावरण स्वीकृति एवं अन्य आवश्यक सहमति/अनुमितियां प्राप्त करना अनिवार्य होगा। सभी अनिर्वाय शर्तों को पूरा करने पश्चात 5 वर्षों के लिये रेत खदान हेतु पट्टा प्रदान किया जायेगा। पट्टा प्राप्त होने पर 90 दिवस के भीतर अनुबंध निष्पादन कराया जाना होगा।

रेत खदान संचालन करने लिये पंचायतों को निर्धारित रेत रायल्टी, उच्चतम निर्धारित मूल्य प्रति धन मीटर की दर से सीधे पंचायत राज के शीर्ष में जमा कर तथा 10 प्रतिशत डी. एम.एफ की राशि, पर्यावरण एवं विकास उपकर तथा टी.सी.एस. की राशि संबंधित खातों में जमा करने का चालान खनिज शाखा में प्रस्तुत करने पश्चात रेत परिवहन हेतु अभिवहन पास जारी किया जावेगा।

यदि ग्राम पंचायतें रेत खदानों का संचालन करने में रुचि नहीं लेते हैं तो उसी पंचायत के यथा स्थान पंजीकृत स्व-सहायता समूह अथवा स्थानीय बेरोजगार की कोऑपरेटिव सोसायटी द्वारा रेत खदान का संचालन आवेदन प्रस्तुत किया जा सकेगा किंतु इस हेतु ग्राम सभा का अनुमोदन भी आवश्यक होगा। इस प्रकार आवेदन प्राप्त होने पर जिला कलेक्टर, जिला स्तरीय समिति के माध्यम से आवेदन पर विचार करने पश्चात उन्हें खदान संचालन हेतु अधिकृत कर सकेगा।

बिना विधिमान्य प्राधिकार के रेत खदानों से या अन्य क्षेत्रों से अवैध उत्खनन / परिवहन / भंडारण पर खान एवं खनिज अधिनियम के प्रावधानों के तहत की जावेगी।

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