बिलासपुर। मस्तूरी के पचेपडी में अपरहरण होने की खबर से आईजी रतन लाल डांगी और एसपी प्रशान्त अग्रवाल टेंसन में आ गये, चूंकि घटना बड़ी थी, इसी वजह से खुद मौके पर पहुँच गए और संबंधित पुलिस अफसरो को आवश्यक दिशा निर्देश दिए, इसी बीच गांव वालों से पूछताछ भी की गई, जिसमे शिकायत करने वाले की बात कुछ अजीब सी लगी, जिससे पुलिस का शक गहरा हुआ उसके बाद पुलिस ने जब जाल बिछाया तो शिकायत करने वाला खुद जाल में फंस गया और पूरी झूठी कहानी बता दिया, जिससे पुलिस के भी कान खड़े हो गए, हॉलाकि पुलिस ने राहत की सांस ली, लेकिन 9 वर्षीय बालक को जिंदा बरामद नही कर सकी।
आपको बता दे कि होने वाला जीजा ही निकला बालक प्रियांशु का कातिल, आरोपी ओम नायक ने कबूल की प्रियांशु की हत्या, बालक का शव पचपेड़ी के कन्या छात्रावास प्रांगड़ से बरामद, पुलिस को गुमराह करने आरोपी ने मृतक के घरवालों और पुलिस को बताई अपरहरण की झूठी कहानी, आज दोपहर मे थाना पचपेड़ी जिला बिलासपुर मे प्रियांशु नायक पिता पुनीत नायक उम्र 9 के अपहरण की रिपोर्ट हुई। मामला दर्ज कर पुलिस जांच कर रही थी जांच मे यह पाया गया कि आरोपी ने सुबह 10 बजे बच्चे की हत्या करने के बाद बचने के लिए बच्चे के माता पिता को अपहरण की झूठी कहानी बता कर उनको व पुलिस को गुमराह करने की कोशिश किया था। बच्चे का शव आरोपी से कड़ी पूछताछ के बाद बरामद कर लिया है।
रिपोर्ट कर्ता ने ही घटना को अंजाम दिया था, बताया जा रहा है कि आरोपी का मृतक परिवार से काफी समय से था परिचय, आरोपी पिछले लगभग 1 माह से पचपेड़ी गांव में ही अपनी बड़ी मां के यंहा रह रहा था, बालक प्रियांशु आरोपी के साथ खेलता भी था और उसके साथ उसकी बड़ी मां के घर भी आता जाता रहता था, आरोपी ने अपने घरवालों को लड़की देखने जाना है करके नही बताया था, आरोपी फिलहाल सुबह खेल खेल में विवाद पर बालक की हत्या करना बता रहा है। वास्तविक कारण जानने पुलिस के द्वारा पूछताछ जारी है।
क्लिक करें… बिलासपुर: दो नकाबपोश लोगों ने एक बच्चे को कर लिया अगवा…पुलिस महकमे में मचा हड़कंप…आईजी डांगी पहुंचे मौके पर…


