
बिलासपुर, 2 जनवरी 2026।
बिलासपुर शहर के समीप स्थित कोपरा जलाशय को हाल ही में अंतरराष्ट्रीय महत्व की आर्द्रभूमि यानी रामसर साइट घोषित किए जाने के बाद यहां मछली मारने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर मछलीपालन विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं।
उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार के प्रस्ताव पर केंद्र सरकार द्वारा लगभग एक माह पूर्व कोपरा जलाशय को रामसर साइट का दर्जा दिया गया। यह जलाशय बड़ी संख्या में देशी एवं विदेशी प्रवासी पक्षियों का प्रमुख आश्रय स्थल है। विशेषकर शीतकाल के दौरान यहां पक्षियों की मौजूदगी जलाशय को एक अद्भुत और लुभावना प्राकृतिक दृश्य प्रदान करती है।
रामसर साइट के संरक्षण एवं जैव विविधता को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से मछलीपालन विभाग ने जलाशय और उसके आसपास के क्षेत्रों में मछली पकड़ने पर रोक लगाई है। विभाग द्वारा आसपास के ग्रामों में इस प्रतिबंध की मुनादी कराई गई है, ताकि आमजन को इसकी जानकारी मिल सके।
इसके साथ ही सैदा, बेलमुंडी, कोपरा, सकरा, बूटेना, अमसेना, बहुतराई, पाड़ और सरसेनी ग्राम पंचायतों के सरपंचों को भी आदेश की जानकारी देते हुए निर्देशित किया गया है कि यदि कोई व्यक्ति मछली मारते पाया जाए तो तत्काल इसकी सूचना मछलीपालन विभाग को दें।
मछलीपालन विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि कोपरा जलाशय का संरक्षण केवल कानूनी जिम्मेदारी ही नहीं, बल्कि पर्यावरण और भावी पीढ़ियों के लिए एक आवश्यक कदम है।
रामसर साइट का दर्जा मिलने के बाद कोपरा जलाशय न केवल क्षेत्रीय बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण हो गया है, ऐसे में इसके प्राकृतिक स्वरूप और जैव विविधता को बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है।

