बिलासपुर। जिले में लंबे समय से कोयला परिवहन के नाम पर चल रहे कथित “काली कमाई” के खेल पर आखिरकार हिर्री पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई में ऐसा संगठित नेटवर्क सामने आया है, जो रास्ते में उच्च गुणवत्ता वाले कोयले को बदलकर कंपनियों को चूना लगाने का काम कर रहा था। मामले में डिपो मालिक, वाहन मालिक और ट्रेलर चालकों की मिलीभगत उजागर होने के बाद पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
मामला थाना हिर्री के अपराध क्रमांक 123/2026 से जुड़ा है, जिसमें बीएनएस की धारा 316(3), 317(4) और 3(5) के तहत अपराध दर्ज किया गया है। पुलिस जांच में सामने आया कि एसईसीएल अमेरा विश्रामपुर क्षेत्र से भेजे जा रहे उच्च गुणवत्ता वाले जी-6 ग्रेड कोयले को रास्ते में बदल दिया जाता था।
प्रार्थी आशीष केशरी ने शिकायत में बताया कि उनके ट्रेलरों में लोड उच्च गुणवत्ता वाला कोयला सिलतरा स्थित गोपाल स्पंज एंड पावर प्राइवेट लिमिटेड भेजा जा रहा था, लेकिन पेण्ड्रीडीह चौक के पास पूरा खेल बदल जाता था। आरोप है कि ट्रेलरों को सीधे प्लांट ले जाने के बजाय एक निजी कोल डिपो में ले जाया जाता, जहां हर ट्रेलर से करीब पांच-पांच टन हाई ग्रेड कोयला उतार लिया जाता था। इसके बाद ट्रेलर में कम गुणवत्ता वाला 4700 जीसीव्ही कोयला भरकर कंपनी तक पहुंचा दिया जाता था।
यानी दस्तावेजों में सप्लाई हाई ग्रेड कोयले की और असल में डिलीवरी लो ग्रेड कोयले की की जा रही थी। पुलिस का मानना है कि इस खेल से बड़े पैमाने पर आर्थिक लाभ कमाया जा रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रजनेश सिंह, मधुलिका सिंह और डी. आर. टण्डन के निर्देशन में थाना प्रभारी निरीक्षक दामोदर मिश्रा ने विशेष टीम गठित कर जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण, पंचनामा, गवाहों के बयान और कोयले के सैंपल परीक्षण की कार्रवाई की।
जांच में कोल डिपो मालिक नरेश अग्रवाल, वाहन स्वामी गंगा प्रसाद साहू तथा ट्रेलर चालक फिरोज अंसारी, निसार अंसारी और इमरान अंसारी की भूमिका सामने आने पर सभी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इस कार्रवाई के बाद कोयला परिवहन और डिपो कारोबार से जुड़े लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। अब सवाल यह उठ रहा है कि क्या यह सिर्फ एक मामला है या फिर पूरे क्षेत्र में लंबे समय से ऐसा “कोल स्वैपिंग रैकेट” सक्रिय है। पुलिस अब परिवहन रिकॉर्ड, डिपो गतिविधियों और कोयले की गुणवत्ता रिपोर्ट खंगाल रही है। माना जा रहा है कि जांच आगे बढ़ी तो कई और बड़े नाम भी सामने आ सकते हैं।


