- निगम कमिश्नर की सख्ती के बाद राजस्व वसूली की कवायद तेज
- संपत्तिकर वसूलने शिविर और घरों में नोटिस किया जा रहा है चस्पा

बिलासपुर। शहर में विकास कार्य कराने और नागरिकों को मूलभूत सुविधा उपलब्ध कराने के लिए नगर निगम के पास राजस्व एक मुख्य और महत्वपूर्ण जरिया है, जिसके माध्यम से नगर निगम सड़क, पानी, बिजली साफ-सफाई जैसी आवश्यक कार्यों का निष्पादन करता है और राजस्व निगम को कर के द्वारा मिलती है पर शहर के कई ऐसे लोग, जिन्होंने सालों से संपत्ति कर नहीं पटाया है, इनकी सूची काफी लंबी है, जिन्हें नोटिस दी जा रही है। कुछ तो ऐसे बड़े बकायादार है जिनका लगभग 65 लाख तक बकाया है और कुछ ऐसे है जिन्होंने 2013 से कर नहीं पटाया है।
निगम द्वारा संपत्तिकर नहीं पटाने वालों को नोटिस जारी किया गया है, जिनमें दस ऐसे बड़े बकायादार है जिन्होंने कई सालों से कर नहीं पटाया है जिन्हें नोटिस जारी कर अंतिम सूचना दी गई है जिसमे कहा गया है की एक माह के भीतर संपत्तिकर जमा नहीं करने पर नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 की धारा 175 के तहत कुर्की की कार्रवाई की जाएगी।
यें हैं वो दस बड़े बकायादार
- 1.सुरजीत सिंह भाटिया, महेंद्र सिंह भाटिया, हरबंश सिंह भाटिया- 65 लाख 3 सौ 34
- 2. सुखदेव प्रसाद दीक्षित- 8 लाख 25 हजार 179
- 3. इंदु बाई- 2 लाख 7 सौ 96
- 4. सतीश भास्कर, अनराग भास्कर, अमिताभ भास्कर- 2 लाख 23 हजार 6 सौ 68
- 5. सुरेश कुमार, कमलेश कुमार, परमानंद, रेखा विधानी, दुलाराम विधानी- 6 लाख 24 हजार 905
- 6. भगतलाल लालवानी, परसराम लालवानी- 7 लाख 84 हजार 338
- 7. भागवत जायसवाल- 3 लाख 3 हजार 559
- 8. सावित्री बाई- 3 लाख 97 हजार 1 सौ 9
- 9. नंदकिशोर दुबे- 4 लाख 19 हजार 6 सौ 56
- 10. चंद्रकांत क्षेत्रपाल- 1 लाख 98 हजार 6 सौ 93
घरों में दिया जा रहा है नोटिस, लगाया जा रहा शिविर
नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार के निर्देश पर राजस्व वसूली के लिए सभी जोन क्षेत्रों में शिविर आयोजित किए जा रहे है साथ ही सभी वार्डों में मुनादी के ज़रिए सूचना भी दी जा रही है। संपत्ति समेत अन्य कर नहीं पटाने वाले बकायादारों के घरों पर नोटिस दिया जा रहा है, इसके अलावा घरों पर नोटिस भी चस्पा किया जा रहा है।नोटिस में बकाया कर का विवरण उल्लेखित है इसके अलावा कर शीघ्र जमा करने के निर्देश भी दिए गए है।


