बिलासपुर, 24 अप्रैल।
शहर में अवैध गैस कारोबार के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर शुक्रवार सुबह सरकंडा के सीपत चौक में छापेमारी कर गैस सिलेंडरों के अवैध भंडारण और रिफिलिंग के गोरखधंधे का पर्दाफाश किया गया। इस कार्रवाई में कुल 54 गैस सिलेंडर जब्त किए गए, जिससे इलाके में हड़कंप मच गया।
खाद्य नियंत्रक अमृत कुजूर के मार्गदर्शन में एएफओ अजय मौर्य और विनीता दास की टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए महामाया गैस चूल्हा सुधारक एवं विक्रेता और गर्ल्स हॉस्टल संचालक लव निमेष जायसवाल के ठिकाने पर दबिश दी। यहां से 19 घरेलू (14.2 किलोग्राम) गैस सिलेंडर, जिनमें भरे और आंशिक भरे सिलेंडर शामिल थे, तथा 35 छोटे (5 किलोग्राम) घरेलू और व्यावसायिक सिलेंडर बरामद किए गए।
जांच में खुलासा हुआ कि बिना किसी वैध अनुमति के सिलेंडरों का भंडारण कर अवैध रूप से रिफिलिंग और बिक्री की जा रही थी। मौके से 7 रिफिलिंग नोजल (बंशी), एक इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन और अन्य उपकरण भी जब्त किए गए, जो इस संगठित अवैध कारोबार की पुष्टि करते हैं। यह गतिविधि न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि गंभीर सुरक्षा जोखिम भी पैदा कर रही थी, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता था।
कार्रवाई के दौरान टीम ने तत्काल सभी जब्त सामग्री को सुरक्षित किया और मौके से गुजर रही कोनी इंडेन गैस एजेंसी की डिलीवरी वैन को रोककर सिलेंडरों को उनके सुपुर्द किया। इसी क्रम में विजय स्टील नामक प्रतिष्ठान, जिसके संचालक सनटी अग्रवाल बताए जा रहे हैं, वहां से भी 2 घरेलू गैस सिलेंडर, 3 रिफिलिंग नोजल और एक तौल मशीन जब्त की गई।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया है कि अवैध गैस कारोबार और सुरक्षा मानकों की अनदेखी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसे मामलों में लगातार कार्रवाई जारी रहेगी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि शहर में अवैध गैस रिफिलिंग का नेटवर्क सक्रिय है, जिस पर अंकुश लगाना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बना हुआ है। हालांकि, इस तरह की ताबड़तोड़ कार्रवाई से अब इस अवैध कारोबार में लगे लोगों में खौफ जरूर पैदा हुआ है।


