
बिलासपुर। एनटीपीसी सीपत में 26 मेगावाट फ्लोटिंग सोलर परियोजना के लिए रखे गए कॉपर केबल वायर की चोरी के मामले में सीपत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने चोरी के मामले में आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर चोरी के माल की शत-प्रतिशत बरामदगी का दावा किया है। आरोपियों पर कंपनी के साइट ऑफिस से कॉपर केबल वायर के ड्रम चोरी करने, तार जलाकर तांबा निकालने और उसे कबाड़ी के पास बेचने का आरोप है। पुलिस ने 2 क्विंटल 11 किलोग्राम कॉपर केबल वायर, घटना में इस्तेमाल ई-रिक्शा, एक हीरो एक्सट्रीम मोटरसाइकिल और 15,500 रुपये नकद बरामद किए हैं।
एनटीपीसी सीपत में चल रही सोलर परियोजना से जुड़ी इस चोरी ने निर्माण स्थल पर रखी कीमती सामग्री की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, सीपत पुलिस की त्वरित कार्रवाई से मामले का खुलासा हुआ और चोरी के कथित नेटवर्क से जुड़े आठ लोगों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
मामले की शुरुआत 16 अक्टूबर 2026 को हुई, जब ब्रिज एंड रूफ (इंडिया) लिमिटेड में कार्यरत अरुण कुमार सिन्हा ने थाना सीपत में चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उज्ज्वल नगर एनटीपीसी सीपत टाउनशिप के जलाशय-1बी में 26 मेगावाट फ्लोटिंग सोलर परियोजना का काम चल रहा है। परियोजना के साइट ऑफिस में 6 एमएम कॉपर केबल वायर के 100 ड्रम रखे गए थे। साइट की जांच के दौरान 12 ड्रम गायब मिले। इसके बाद अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज कुमार पटेल और नगर पुलिस अधीक्षक तिलेश्वर प्रसाद यादव के निर्देश पर सीपत पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच तेज की। मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने राजकुमार देवार उर्फ अकड़ी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में चोरी की वारदात में अन्य साथियों की संलिप्तता सामने आई, जिसके बाद कार्रवाई करते हुए कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने 5, 8, 9 और 10 अक्टूबर 2026 की रातों में कंपनी परिसर की दीवार फांदकर चोरी की वारदातों को अंजाम दिया। चोरी किए गए कॉपर केबल वायर के ड्रम को चंद्रहास सूर्यवंशी के ई-रिक्शा क्रमांक CG 10 CD 7142 में लादकर प्रगति नगर स्थित खंडहर अस्पताल परिसर में ले जाया गया। वहां कथित तौर पर तार जलाकर तांबा निकाला गया और फिर नवाडीह के कबाड़ी नंद कुमार साहू के पास बेच दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, चोरी के तार से निकाले गए तांबे की बिक्री से लगभग 2 लाख 106 रुपये की रकम प्राप्त हुई, जिसे आरोपियों ने आपस में बांट लिया। इसी रकम से एक हीरो एक्सट्रीम मोटरसाइकिल खरीदे जाने की जानकारी भी जांच में सामने आई। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने 2 क्विंटल 11 किलोग्राम कॉपर केबल वायर, मोटरसाइकिल, 15,500 रुपये नकद और वारदात में इस्तेमाल ई-रिक्शा बरामद किया।
इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राजकुमार देवार उर्फ अकड़ी, देवी लाल देवार, उमाशंकर सूर्यवंशी, चंद्रप्रकाश सूर्यवंशी, चतुर राम खरे, अनिल कुमार सूर्यवंशी, चंद्रहास सूर्यवंशी और नंद कुमार साहू के रूप में हुई है। पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
एनटीपीसी सीपत जैसे महत्वपूर्ण औद्योगिक परिसर में सोलर परियोजना के लिए रखे गए कीमती केबल वायर की चोरी ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। साइट ऑफिस से 12 ड्रम गायब होना और चोरी के तार को जलाकर तांबा निकालकर बेचने का कथित तरीका बताता है कि आरोपियों ने माल को खपाने की योजना भी बनाई थी। हालांकि, पुलिस की त्वरित कार्रवाई से चोरी का खुलासा हुआ और मामले में कथित रूप से शामिल सभी आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
सीपत पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल चोरी का मामला उजागर हुआ, बल्कि चोरी के माल को खपाने में कथित तौर पर शामिल कबाड़ी तक पुलिस की पहुंच भी बनी।

